बहुत आसान है बनाना फूलगोभी का पराठा

उत्तर भारतीय व्यंजन में से एक गोभी का पराठा (फूलगोभी पराठा) आमतौर पर सुबह के नाश्ते के लिए बनाया जाता है। इस पराठे को बनाने की विधि भी अन्य भरवां परांठे बनाने जैसी ही है, केवल भराई की विधि अलग है। इस पराठे में गोभी के स्वादिष्ट मसाले की भराई (स्टफिंग) की जाती है। साथ में उबला हुआ आलू, प्याज, हरा धनिया और अन्य मसाले भी डाले गये हैं।


पूर्व तैयारियों का समय: 10 मिनट
पकाने का समय: 30 मिनट
कितने लोगों के लिए: 3

सामग्री:
1½ कप + 1/2 कप गेहूं का आटाK
2 कप कद्दूकस किया हुआ गोभी
1 छोटा आलू, उबला, छिला और कद्दूकस किया हुआ
1/4 टीस्पून जीरा
1 मध्यम प्याज, बारीक कटा हुआ
1 टीस्पून अदरक-लहसुन का पेस्ट
1 हरी मिर्च, बारीक कटी हुई
2 टेबलस्पून बारीक कटा हुआ हरा धनिया
1 टीस्पून नींबू का रस या अमचूर पाउडर
1/3 टीस्पून गरम मसाला पाउडर
1/8 टीस्पून हल्दी पाउडर
1/4 टीस्पून लाल मिर्च पाउडर
2 टेबलस्पून मक्खन (बटर)
5 टीस्पून तेल + शैलो फ्राई करने के लिए
नमक
विधि
एक परात में 1½ कप आटा, 2-टीस्पून तेल और नमक डाल कर अच्छे से मिला लें।  आवश्यकतानुसार थोड़ा-थोड़ा पानी डालते हुए नरम आटा (चपाती या रोटी के आटा की तरह) गूंध लें। गुंधे हुए आटे के ऊपर 1 टीस्पून तेल डालें और उसकी सतह तेल लगाकर चिकनी कर लें। आटे को ढककर 15 मिनट के लिए सेट होने दें।
इस बीच भराई के लिए गोभी का मसाला तैयार करने के लिये एक कड़ाही या पैन में मध्यम आंच पर 2 टीस्पून तेल गरम करें। उसमें जीरा डालें, जब जीरा सुनहरा होने लगे तब बारीक कटा हुआ प्याज डालें और उसे हल्के भूरे रंग का होने तक भून लें। अब अदरक-लहसुन का पेस्ट और हरी मिर्च डाल कर लगभग 30 सेकंड के लिए भूनें। कद्दूकस किया हुआ फूल गोभी और नमक डाल कर अच्छी तरह से मिला लें। मिश्रण को थोड़ा सूखा होने तक (लगभग 3-4 मिनट) भूनें। चिपकने से रोकने के लिए बीच में चमचे से चलाते भी रहें।
अब गरम मसाला पाउडर, लाल मिर्च पाउडर, हल्दी पाउडर, नींबू का रस (या अमचूर पाउडर) और हरा धनिया डालें। अच्छे से मिला कर 1 मिनट के लिए पकने दें और उबला हुआ आलू डालें। सभी को अच्छे से मिला कर गैस बंद कर दें। गोभी का मसाला भराई के लिए तैयार है। इसे 5-7 मिनट के लिए ठंडा होने दें। मसाले को 6 बराबर भागों में बांट लें।

आटे को 6 बराबर भागों में बांट कर हर एक भाग को गोल आकार दें और उसे अपनी हथेलियों के बीच दबाकर लोई बना लें।

एक प्लेट में ½ कप सूखा आटा लें। एक लोई को सूखे आटे से लपेट लें और चकले के ऊपर रखे। इसे एक छोटी गोल पूरी (4-5 इंच व्यास) के आकार में बेल लें। इसके बीच में भराई का एक हिस्सा रखें।

बेली हुई पूरी की किनारे चारो ओर से ऊपर की तरफ उठाईये और भराई (मसाले) को आटे से लपेट लें। किनारों को सील करें और फिर से उसे गोल आकार दें।

उसे चकले के ऊपर रख कर धीरे से दबाएं  ताकि लोई की तरह बन जाए।

उसे सूखे आटे से लपेटें और लगभग 6-7 इंच व्यास वाले और लगभग 1/2 सेंटीमीटर मोटाई वाले गोल आकार में (रोटी या चपाती की तरह) बेल लें।

एक तवे को माध्यम आंच पर गर्म करें। एक कच्चे पराठे को तवे के ऊपर रखें। उसे पलटे और फिर दोनों तरफ 1/2 टीस्पून तेल समान रूप से लगाके लगभग 30-40 सेकंड के लिए प्रत्येक तरफ से पकाइये। जरुरत के अनुसार पराठे को पलटें और सुनहरे भूरे रंग की चित्ती (छोटे धब्बे) आने तक पकाइये।

गोभी पराठा को प्लेट में निकाल कर उसके ऊपर मक्खन लगा दें। बाकी बचे आटे के गोले में से भी इसी तरह पराठे बना लें। उन्हें आलू करी और अपने पसंदीदा खट्टा और मसालेदार अचार के साथ गरम परोसें।

सुझाव:
आसानी से भरवां पराठा बेलने के लिए नरम आटा गूंधे। पराठे मुलायम बनाने के लिए आटा गूंधने में पानी के बजाय दूध का उपयोग भी कर सकते हैं। आलू के बिना भी मसाला बनाया जा सकता है।

स्वाद: मुलायम, हल्का तीखा और नमकीन

परोसने के तरीके: गोभी पराठा को अचार और चाय के साथ सुबह के नाश्ते में या पुदीना का रायता और दही के साथ शाम के खाने में परोसें। इसे मटर पनीर और नमकीन लस्सी के साथ दोपहर के खाने में भी परोस सकते हैं और अचार के साथ बच्चे के लंचबॉक्स में भी पैक कर सकते हैं।
——-

Paytm के जरिए घर बैठे ले सकते हैं ₹20 हजार तक का लोन

नई दिल्ली। देश की लीडिंग डिजिटल पेमेंट सर्विस पेटीएम ने अपने ग्राहकों के लिए आईसीआईसीआई बैंक के साथ साझेदारी करके पेटीएम पोस्टपेड लोन की नई सर्विस लॉन्च की है। इसके तहत ग्राहक घर बैठे 20,000 रुपए तक का क्रेडिट पा सकते हैं। अगर आपको कभी तत्काल पैसे की जरूरत पड़ जाए और अगर आप पेटीएम यूज़ करते हैं तो इसकी मदद से आप घर बैठे पेटीएम ऐप में जाकर Paytm Postpaid Loan के लिए अप्लाई कर के 20000 तक का लोन आसानी से पा सकते हैं। पेटीएम की पोस्टपेड लोन सर्विस का इस्तेमाल करके कोई भी व्यक्ति लोन क्रेडिट लेने के लिए अप्लाई कर सकता है। लोन के लिए अप्लाई करने की पूरी प्रक्रिया डिजिटल माध्यम से की जाती है और किसी भी तरह के फिजिकल डॉक्यूमेंट जमा करने की जरूरत नहीं होती।

Paytm Postpaid Loan

सुविधा से लिए हुए क्रेडिट लोन को कोई भी ग्राहक हर महीने आसान किस्तों में जमा कर सकता है या फिर पैसे आने पर एक बार में ही चुका सकते है। पेटीएम का इस्तेमाल लेन-देन करने के लिए लगातार प्रयोग करने वाले ग्राहकों को यह सुविधा आसानी से मिलेगी।
Paytm पोस्टपेड लोन के तहत 20000 रुपए लोन क्रेडिट का इस्तेमाल आप ऑनलाइन शॉपिंग करने के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं। आप पेटीएम पर भी इतने रुपए कुछ खरीद सकते हैं या फिर ऐसे शॉपिंग वेबसाइट पर कुछ खरीद सकते हैं जहां पर पेटीएम के जरिए पेमेंट करने का ऑप्शन मिलता हैं।
पेटीएम पोस्टपेड लोन के फायदे- अगर आपने जनवरी में ₹20000 पेटीएम से खर्च किया है तो आपको यह बिल फरवरी महीने के पहले दिन भेजा जाएगा और बिल का भुगतान करने के लिए आपके पास 7 दिन होंगे। लोन लेने पर आपकी ब्याज दर 0% रहेगी। लोन लेने के लिए आपको किसी भी डॉक्यूमेंट की आवश्यकता नहीं होगी। पोस्टपेड लोन के साथ जुड़ते ही आप को ₹50 का बोनस मिलेगा, लोन चुकाने के लिए आपको बिना किसी ब्याज दर के 45 दिन का समय मिलता है।
नोट: पेटीएम पोस्टपेड के तहत लिया हुआ पैसा अगर आप सही समय पर चुका देते हैं तो आपके लिमिट को 1 लाख रुपए तक कर किया जा सकता है और अगर आप टाइम से लोन नहीं चुका पाते हैं तो आपको अतिरिक्त ब्याज दर देना होगा। कैसे करें अप्लाई- सबसे पहले यह सुनिश्चित करलें कि पेटीएम अकाउंट फुली वेरीफाई हो। हाफ केवाईसी होने पर लोन नहीं दिया जाएगा। पेटीएम के साथ आपका बैंक अकाउंट जुड़ा होना चाहिए। इसके बाद सबसे पहले पेटीएम के प्रोफाइल सेक्शन में जाकर पेटीएम पोस्टपेड के विकल्प पर क्लिक करें। आपके सामने एप्लीकेशन फॉर्म खुल जाएगा, उसमें सारी जानकारी भरने के बाद सबमिट के बटन पर क्लिक कर दें। अगर आपकी एप्लीकेशन फॉर्म की सभी जानकारी सही होगी और आपका क्रेडिट स्कोर अच्छा होगा तो आपको लोन मुहैया करा दिया जाएगा। लोन अप्रूव होने पर पैसा आपके पेटीएम वॉलेट में ट्रांसफर कर दिया जाता है।

गणतंत्र दिवस पर प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे 321 स्कूली बच्चे व 80 लोक कलाकार

26 jan: प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे 321 स्कूली बच्चे व 80 लोक कलाकार

गणतंत्र दिवस परेड के दौरान होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रम में 321 स्कूली बच्चे और 80 लोक कलाकार अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करेंगे

नई दिल्ली। जनवरी 2021 को राजपथ पर आयोजित होने वाली गणतंत्र दिवस परेड के दौरान होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों में दिल्ली के चार विद्यालयों के बच्चे और कोलकाता स्थित पूर्वी क्षेत्र सांस्कृतिक केन्द्र के लोक कलाकार भाग लेंगे। इस कार्यक्रम के लिए रक्षा मंत्रालय और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली सरकार के शिक्षा निदेशालय ने मिलकर 401 विद्यार्थियों और कलाकारों का चयन किया है, जिनमें 271 लड़कियाँ और 131 लड़के शामिल हैं। इन छात्रों और कलाकारों का चयन डीटीईए सीनियर सेकेंडरी स्कूल (दिल्ली), माउंट आबू पब्लिक स्कूल (रोहिणी दिल्ली), विद्या भारती स्कूल (रोहिणी दिल्ली), राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय (बी-2, यमुना विहार, दिल्ली) और पूर्वी क्षेत्र सांस्कृतिक केन्द्र (कोलकाता) से किया गया है।

आत्मनिर्भर भारतः माउंट आबू पब्लिक स्कूल (दिल्ली) और विद्या भारती स्कूल (दिल्ली) के कार्यक्रमों की थीम आत्मनिर्भर भारत के लिए दृष्टिकोण है। इस कार्यक्रम में 38 लड़के और 54 लड़कियां भाग लेंगे। राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय की 102 छात्राएं “हम फिट तो इंडिया फिट” विषय पर कार्यक्रम पेश करेंगी। ये कार्यक्रम 29 अगस्त 2019 को राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा लॉन्च किए गए फिट इंडिया अभियान से प्रेरित है। डीटीईए सीनियर सेकेंडरी स्कूल (दिल्ली) के 127 छात्र पारंपरिक वेशभूषा में तमिलनाडु के लोक नृत्य का प्रदर्शन करेंगे। पूर्वी क्षेत्र सांस्कृतिक केन्द्र, कोलकाता के 80 लोक कलाकार कलाहांडी, ओडिशा के लोकप्रिय लोक नृत्य बजासाल की शानदार प्रस्तुति देंगे। 13 जनवरी 2021 को आयोजित एक संवाददाता कार्यक्रम के दौरान गणतंत्र दिवस परेड का हिस्सा बनने पर युवा प्रतिभागियों ने खुशी ज़ाहिर की। उन्होंने कहा कि राजपथ पर गणमान्य अतिथियों के सामने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करने का मौका मिलना किसी गर्व से कम नहीं है। हम जबर्दस्त उत्साह से भरे हुए हैं। कोविड-19 महामारी के कारण लागू प्रतिबंधों के चलते इस साल बच्चों और लोक कलाकारों के तौर पर भाग लेने वाले प्रतिभागियों की संख्या को 400 तक सीमित किया गया है, जबकि पिछले वर्ष यह संख्या 600 से भी अधिक थी।

DRDO ने किया लेजर गाइडेड एंटी टैंक मिसाइल का परीक्षण

तीन किलोमीटर तक कर देंगे नेस्तनाबूद

चंद सेकेंड में दुश्मन होगा खाक

23 सितंबर 2020
नई दिल्ली। रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) ने एमबीटी अर्जुन टैंक से लेजर गाइडेड एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल (एटीजीएम) का सफल परीक्षण किया है। डीआरडीओ के अनुसार कई-प्लेटफ़ॉर्म लांच क्षमता के साथ इसे विकसित किया गया है और वर्तमान में एमबीटी अर्जुन में लगी बंदूक से फायर कर इसका तकनीकी मूल्यांकन किया जा रहा है।
डीआरडीओ ने बताया कि सफल परीक्षण से यह पता चला है कि यह मिसाइल तीन किलोमीटर तक बैठे टागरेट को अपना निशाना बना सकती है। ये कई सारे प्लेटफॉर्म लॉन्च क्षमता के साथ विकसित किया गया है। मौजूदा समय में एमबीटी अर्जुन की एक बंदूक से तकनीकी मूल्यांकन के परीक्षणों से गुजर रहा है।

रक्षामंत्री की DRDO को बधाई
रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि अहमद नगर में केके रेंज (एसीसी एंड एस) में एमबीटी अर्जुन से लेजर गाइडेड एंटी टैंक गाइडेड मिसाइल का सफलतापूर्वक परीक्षण के लिए डीआरडीओ को बधाई, भारत को डीआरडीओ पर गर्व है, जो निकट भविष्य में आयात निर्भरता को कम करने की दिशा में काम कर रहा है।
—-

यूपी में फ़िल्म इंडस्ट्री को लेकर सीएम से मिले मधुर भंडारकर

मधुर भंडारकर ने की योगी आदित्यनाथ से भेंट

उत्तर प्रदेश में नई फिल्म इंडस्ट्री बनाने की कवायद


लखनऊ। बॉलीवुड के प्रसिद्ध फिल्म निर्माता मधुर भंडारकर ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से उनके आवास पर मुलाकात की। इस दौरान यूपी में नई फिल्म इंडस्ट्री को लेकर कई मुद्दों पर बातचीत हुई।
दो दिन पहले ही सीएम योगी ने कहा था कि यूपी में एक उम्दा फिल्म सिटी का निर्माण कराया जाएगा। योगी के इस ऐलान के बाद गोरखपुर से सांसद रवि किशन, मशहूर कॉमेडियन राजू श्रीवास्तव समेत कई फिल्मी हस्तियों ने उनकी इस पहल का स्वागत किया था।
कंगना रनोट ने भी की थी तारीफ
इससे पहले शनिवार को बॉलीवुड अभिनेत्री कंगना ने सीएम योगी के बयान पर ट्वीट कर लिखा- योगी आदित्यनाथ की ओर से किए गए इस ऐलान की मैं सराहना करती हूं। हमें फिल्म इंडस्ट्री में कई सुधार की जरूरत है। सबसे पहले हमें एक बड़ी फिल्म इंडस्ट्री की जरूरत है, जिसे भारतीय फिल्म उद्योग कहा जाए। हॉलीवुड को भी इससे फायदा मिल सके। एक इंडस्ट्री लेकिन कई फिल्म सिटी।

नोएडा और यमुना एक्सप्रेस-वे इलाके हैं मुफीद
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को अपने सरकारी आवास से फिल्म सिटी उत्तर प्रदेश में बनाने की घोषणा की थी। वह वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए मेरठ मंडल के विकास कार्यों की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा था कि यूपी उम्दा फिल्म सिटी तैयार करने की जिम्मेदारी लेने को तैयार है। फिल्म सिटी के लिए नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे का इलाका बेहतर रहेगा।
—–

उत्तरप्रदेश में बेसिक शिक्षकों के अंतर्जनपदीय तबदलों पर से रोक हटी



लॉकडाउन के चलते रुकी हुई थी प्रक्रिया

45000 से अधिक आये थे आवेदन


लखनऊ। प्रदेश में बेसिक शिक्षकों के एक जिले से दूसरे जिले में तबादलों की प्रक्रिया को सीएम योगी आदित्यनाथ ने हरी झंडी दे दी है।
उत्तरप्रदेश में बेसिक शिक्षकों के अंतर्जनपदीय तबदलों पर से रोक हटी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दी मंज़ूरी
लॉकडाउन के चलते रुकी हुई थी प्रक्रिया-
महिलाओं, दिव्यांगों व सैनिक परिवारों की महिलाओं को दी जाएगी गई विशेष प्राथमिकता-
अंतर्जनपदीय तबादले के लिए 45000 आवेदन आए थे-
पारदर्शिता के लिए अपनाई गई आनलाइन प्रक्रिया-
यूपी में 54,120 शिक्षकों के अंतर्जनपदीय स्थानांतरण को मंजूरी-
इसमें पुरुष शिक्षक 25,814 हैं तो वहीं 28,306 महिला शिक्षिकाएं हैं-
बीमारी से ग्रस्त 2186 शिक्षक हैं तो दिव्यांग शिक्षक 2285 और सैन्य सेवाओं से जुड़े शिक्षकों के आवेदन के तहत 917 लोगों का ट्रांसफर किया गया।
—-

छुट्टा छोड़ने वाले गौ पालकों पर हो कार्रवाई

गौ संरक्षण के लिए भेजा सीएम को ज्ञापन

बिजनौर। भारतीय जनता पार्टी के एक प्रतिनिधिमंडल ने गौ संरक्षण के लिए एक ज्ञापन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को उप जिलाधिकारी की अनुपस्थिति में तहसीलदार नजीबाबाद राधेश्याम शर्मा को सौंपा।
ज्ञापन में कहा गया कि गाय हमारी माता कहलाती है। लोग गाय पाल तो लेते हैं, उनका दूध पीते है, लेकिन उसकी उचित देखभाल नहीं करते। उनका पालन पोषण ठीक से ना होने के कारण वह सड़कों पर खुली घूमती हैं, जगह-जगह कूड़ा करकट खाकर अपना पेट भरती हैं, इससे उनके बीमार होने का खतरा तो बढ़ ही जाता है साथ ही साथ सड़कों पर खुले घूमने के कारण उनका एक्सीडेंट होकर दुर्घटना भी हो जाती है। एक तरफ जहां उत्तर प्रदेश की महंत योगी आदित्यनाथ की सरकार ने गाय पर विशेष ध्यान केंद्रित करते हुए जगह-जगह गौशाला खुलवा दी, लेकिन वहीं कुछ लोग गाय को दूध निकालने के बाद खुद ही छोड़ देते हैं। वह सड़कों पर इधर-उधर भटकती रहती हैं। दुर्घटना में गाय तो घायल होती ही है साथ में जनहानि भी होती है इस प्रकार के हादसे कई बार हो चुके हैं। पिछले तीन-चार दिनों में कोतवाली रोड पर हादसे हुए हैं। ऐसी गायों को या तो गौशाला पहुंचाया जाए या फिर उनके मालिकों पर कठोर कार्यवाही कर उनको दंड दिया जाए। इस अवसर पर भाजपा के वरिष्ठ नेता चौधरी ईशम सिंह, अरविंद विश्वकर्मा, जिला मंत्री पिछड़ा मोर्चा रितेश सैन, नामित सभासद जलालाबाद दीपक कुमार, नरेंद्र सिंह, मनोज राठी, ब्रह्मपाल सिंह, विक्की शर्मा, मनोज शर्मा, मंदीप धस्माना,शुभम प्रजापति आदि मौजूद रहे।
—–

मनमानी पर उतारू बिजनौर ट्रैफिक पुलिस!

अफसरों की शाबासी हासिल करने को वाहन का चालान!

बिजनौर। वाहन चालान के आंकड़े बढ़ा कर अफसरों की शाबासी हासिल करने को यातायात पुलिस मनमानी पर उतारू हो गई है। इसकी बानगी ये है कि शक्ति चौराहे (शास्त्री चौक) पर घर के खड़ी एक कार का चालान काट दिया गया।
जानकारी के अनुसार दिनांक 17 जुलाई 2020 को रात्रि 11:16 बजे ट्रैफिक पुलिस बिजनौर द्वारा एक घर के नीचे खड़ी गाड़ी का चालान कर दिया गया। चालान में दर्शाया गया कि वाहन को सार्वजनिक स्थान पर खतरनाक ढ़ंग से खड़ा किया गया {parking the vehicle dangerously on any public place (MV act 1988 s 122,126 R/W177)}

पीड़ित का आरोप है कि गाड़ी राइट-ऑफ-वे के अंदर नाले से आगे खड़ी थी। रोडसाइड लैंड कंट्रोल एक्ट के अनुसार छोड़ी गई भूमि पर दुकान के सामने खड़ी थी। रात्रि 11:16 पर किस यातायात में व्यवधान की वजह से यह चालान किया गया!
सर्वविदित है कि थाना कोतवाली शहर से शक्ति चौराहे (शास्त्री चौक) तक हर किसी के प्रतिष्ठान के सामने गाड़ी खड़ी रहती हैं, जबकि दिन के समय पीड़ित के घर के सामने गाड़ियों का जमावड़ा लगा रहता है।
खास बात ये है कि बीएस4 मानक की उक्त कार की फिटनेस 11 फरवरी 2032 तक की है। वहीं बीमा 06 फरवरी 2021 तक मान्य है और 09 फरवरी 2032 तक का रोड टैक्स जमा है। यानि कि कुछ न कुछ ऐसा है, जिस कारण रात के अंधेरे में प्रताड़ना का यह कार्य किया गया।

फोटो देखकर समझा जा सकता है कि उक्त स्थान से कोई वाहन गुजरेगा तो आखिर क्यों!

बदरीनाथ हाईवे लामबगड़ में ट्रैफिक शुरू


24 लिंक मोटर मार्ग अभी भी अवरूद्ध

गोपेश्वर (चमोली)। भूस्खलन से बाधित बदरीनाथ हाईवे को लामबगड़ में आवागमन के लिये खोल दिया गया है।
चमोली जिले में मंगलवार की रात्रि भारी वर्षा के कारण बदरीनाथ हाईवे लामबगड़ में भूस्खलन जोन में पहाड़ी से मलबा आने के कारण बाधित हो गया था। बुधवार दोपहर एक बजे के आसपास खोल दिया गया है। वहीं जिले में अवरुद्ध 64 से अधिक लिंक मोटर मार्ग में से 40 सड़कों को खोल दिया गया है। दूसरी ओर 24 बंद सड़कें खोलने के लिये लोनिवि के मजदूर व मशीनें लगी हुई हैं।
आपदा परिचालन केंद्र चमोली से मिली जानकारी के अनुसार मंगलवार की रात्रि से बुधवार सुबह तक हुई भारी वर्षा के कारण बदरीनाथ हाईवे समेत अनेक लिंक मोटर मार्ग अवरूद्ध हो गये थे। कारण यातायात बाधित हो गया था। बदरीनाथ हाई-वे को खोल दिया गया है।
—-

तीन महीने की फीस माफी को निकाला कैंडिल मार्च


कोरोना वैक्सीन जब तक न आए, तब तक न खुले स्कूल

उपमुख्यमंत्री दिनेश शर्मा को ठहराया विवेकहीन

सीएमएस प्रमुख जगदीश गांधी को अंतरर्राष्ट्रीय शिक्षा माफिया की उपाधि

लखनऊ। संस्था ‘एक आवाज़ एक मिशन’ के संयोजक राकेश तिवारी के नेतृत्व में सैकड़ों अभिवावकों ने फीस माफ़ न होने के विरोध में लखनऊ के एलडीए, आशियाना व कृष्णानगर क्षेत्र में कैंडल मार्च निकाल कर विरोध प्रदर्शन किया। संस्था के संयोजक राकेश तिवारी का कहना है कि कुछ राज्यों में फीस माफ़ की गई है और उत्तर प्रदेश के भी सैकड़ों विद्यालयों ने 3 महीने की फीस माफ़ कर दी है पर कुछ विद्यालय जैसे सीएमएस, विश्वनाथ अकादमी, स्प्रिंग डेल, लखनऊ पब्लिक स्कूल, नेशनल पब्लिक, स्टेला मैरी जैसे विद्यालय फीस न माफ़ करने पर अड़े हुए हैं। कहीं न कहीं इन सभी विद्यालयों के प्रबंधन शिक्षा माफिया के रूप में स्थापित हैं, जिनका कनेक्शन सरकार में बैठे बड़े-बड़े मंत्रियों से है, जिनकी पार्टियों को चुनाव के लिए यह विद्यालय प्रबंधन फंडिंग करते हैं।
संयोजक तिवारी ने कहा कि कोरोना महामारी के कारण लगे लाक डाउन ने लोगों की अर्थव्यवस्था पर गहरा आघात किया है, जिससे मध्यम व निम्न वर्ग के लोग अपने मूल दैनिक खर्चों को ही नहीं संभाल पा रहे हैं फीस कहां से भरें। इस सम्बन्ध में मुख़्यमंत्री योगी और उपमुख्यमंत्री शर्मा की बातों में भी विरोधाभास लग रहा है। जहां सीएम योगी ने फीस देने के लिए अभिवावकों पर दबाव न डालने के लिए बोला है, वहीं उपमुख्यमंत्री शर्मा इन शिक्षा माफियाओं के रूप में स्थापित विद्यालयों की मदद कर रहे हैं और विवेकहीन हो चुके हैं। ‘एक आवाज़ एक मिशन” की लड़ाई सिर्फ लखनऊ की नहीं, लड़ाई पूरे उत्तर प्रदेश की है। मिशन ‘नो स्कूल नो फीस’ के लिए लड़ रहा है और यह लड़ाई जारी रहेगी।
साथ ही राकेश तिवारी ने बोला कि जब तक कोरोना वैक्सीन नहीं आ जाती है तब तक स्कूल नहीं खुलना चाहिए क्यूंकि बच्चों की
सुरक्षा सर्वोपरि है। सरकार जनप्रतिनिधियों के सदन जैसे विधानसभा, विधान परिषद, संसद, राज्य सभा, नगर पालिका और जिला पंचायत खोले पर स्कूल नहीं खुलना चाहिए। विद्यालय पैसे ऐंठने के लिए ऑनलाइन पढाई का ढोंग कर रहे हैं, जिनकी फीस नहीं आ रही है उन्हें ऑनलाइन पढाई से रोका जा रहा है। जिन लोगों के घर में मल्टीमीडिया मोबाईल नहीं है उन घरों के बच्चे पढाई कैसे करें, विद्यालय अभिवावकों को बच्चों के हिसाब से उतने मल्टीमीडिया फ़ोन का इंतज़ाम कर दे हम फीस देने को तैयार हैं।
सीएमएस का गेट नम्बर 1 बंद 7 खोला
संयोजक तिवारी के अनुसार सीएमएस प्रमुख जगदीश गांधी अंतर्राष्ट्रीय शिक्षा माफिया हैं। सूत्रों के अनुसार सीएमएस के कई कर्मचारी कोरोना पॉजिटिव भी पाए गए हैं। जब क्षेत्र को पॉजिटिव जोन घोषित किया गया तो सीएमएस गेट नंबर 1 को बैरिकेटिंग कर बंद कर दिया गया और वहीं 7 नंबर गेट से कर्मचारियों को अंदर बुलाया जा रहा है अगर किसी कर्मचारी के साथ कोई अप्रिय घटना हो गई तो उसका जिम्मेदार कौन होगा। सीएमएस के साथ विश्वनाथ अकादमी, स्प्रिंग डेल, लखनऊ पब्लिक स्कूल, नेशनल पब्लिक, स्टेला मैरी भी इसी लिस्ट में शामिल हैं।
संयोजक तिवारी ने कहा अगर यह लोग नहीं सम्भले तो इनके खिलाफ एक बड़ा मोर्चा खोला जाएगा। अब यह लड़ाई लखनऊ की नहीं, लड़ाई पूरे उत्तर प्रदेश की है।
—–

पढ़ना जारी रखें “तीन महीने की फीस माफी को निकाला कैंडिल मार्च”